मंदसौर जिले में अफीम नीति 2021 से नाखुश किसान मंदसौर में करेंगे प्रदर्शन, सांसद पर लगाएंगे आरोप

 

अफीम नीति 2021 के विरोध में किसान करेंगे प्रदर्शन 



मंदसौर जिले के किसान अफीम नीति 2021 के खिलाफ बही चौपाटी पर 25 अक्टूबर को सांसद के खिलाफ धरना प्रदर्शन करेंगे। किसान केंद्र सरकार द्वारा घोषित की गई अफीम नीति 2021 से उदास है और किसानों का कहना है कि अफीम नीति 2021 किसानों के हित में घोषित नहीं की गई है। किसान संगठन धरना प्रदर्शन के दौरान सांसद सुधीर गुप्ता पर आरोप लगाएंगे कि सुधीर गुप्ता ने लाइसेंस देने का वादा किया था लेकिन नई अफीम नीति 2021 में ऐसा कुछ नहीं हुआ है। किसानों में अफीम नीति 2021 को काफी आकोश हैं।



नई अफीम नीति में कुछ भी बदलाव नहीं किया गया है




किसानों का कहना है कि पिछले वर्ष के मुताबिक इस वर्ष अफीम नीति में कुछ भी बदलाव नहीं किया गया है। मंदसौर के सांसद सुधीर गुप्ता ने किसानों से वादा किया था कि इस बार अफीम के लाइसेंस अधिक किसानों को दिए जाएंगे लेकिन नई अफीम नीति के मुताबिक ऐसा कुछ नहीं हुआ है और इससे किसानों में आक्रोश है। इस बार ना तो अफीम नीति किसानों के हित में ली गई है और ना ही अफीम के भावों में वृद्धि की गई है। किसान संगठन के मुख्य अमृत राम पाटीदार ने कहा है कि नीमच नारकोटिक्स विभाग के सामने प्रदर्शन करने के बाद भी अगर सुनवाई नहीं की गई तो 25 अक्टूबर को किसान संगठन मल्हारगढ़ वही चौपाटी पर धरना प्रदर्शन करेंगे।




किसान सरकार से क्या मांग कर रहे हैं




किसानों ने कहा है कि धरना प्रदर्शन के दौरान कलेक्टर को वित्त मंत्री के नाम पर ज्ञापन सौंपा जाएगा जिसमें अफीम नीति 2021 में बदलाव की मांग की जाएगी। किसान सरकार से मांग कर रहे हैं कि इस वर्ष किसानों को 3.00 औसत मार्फिन देने वालों को लाइसेंस देना चाहिए। 1990 के बाद कम औसत वाले पट्टे बहाल किए जाएं। घटिया पट्टे को तुरंत जारी किया जाए और टोल केंद्र की रिपोर्ट को ही अंतिम रिपोर्ट मानी जाए। वर्ष 2013 में शीतलहर और बर्फबारी से नष्ट हुएं अफीम के पट्टे वापस दिए जाए। प्रत्येक किसान को 10-10 आरी के पट्टे दिए जाएं और अफीम का भाव ₹10000 प्रति किलो किया जाए। इन्हीं मांगों को लेकर सभी किसान 25 अक्टूबर को बही चौपाटी पर धरना प्रदर्शन करेंगे।

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