भारत का वह कौन सा स्थान जहां रावण दहन की जगह रावण की पूजा की जाती है

 #रावण दहन

 


नवरात्रि के 9 दिनों के पश्चात बुराई पर अच्छाई की जीत पर दसवें दिन जगह जगह रावण दहन किया जाता लेकिन भारत मैं कुछ जगह ऐसी भी है जहां रावण को पूजा जाता है वैसे ही  मध्य प्रदेश के मालवा प्रांत के मंदसौर जो प्राचीन समय में दशपुर नाम से प्रचलित था वहां पर रावण दहन की जगह उसकी पूजा की जाती है जी हां दोस्तों आपने सही सुना मंदसौर (दशपुर) से रावण का एक खास रिश्ता बताया जाता है धार्मिक मान्यताओं के अनुसार मंदसौर से रावण की पत्नी मंदोदरी का माइक का था और इसी कारण यहां के लोग उसे अपना दामाद मानते हैं 


       यही कारण है कि हर जगह लोग रावण का पुतला जलाते हैं लेकिन मंदसौर में रावण की पूजा की जाती है, *मंदसौर में नामदेव समाज के लोग मंदोदरी को अपने वंश की बेटी बताते हैं और इस वजह से आज भी वहां उसको जमाई जैसा सम्मान दिया जाता है ।


       मंदसौर में रावण की एक विशाल प्रतिमा भी है जहां हर दिन लोग उसकी पूजा करने आते हैं। 41 फुट ऊंची और इतनी विशाल रावण की प्रतिमा लगभग 400 साल पुरानी मानी जाती है महिला रावण को दामाद मानते हैं, इसीलिए  उनकी पूजा करने के दौरान घुंघट भी रखती है विशेष रुप से संतान प्राप्ति के लिए रावण की पूजा की जाती है, यहां के लोग दशहरे के दिन सुबह-सुबह ढोल बाजे के साथ प्रतिमा की पूजा अर्चना करते है और उसके बाद राम और रावण की सेना निकलती है और शाम के समय रावण दहन किया जाता है ।

टिप्पणी पोस्ट करें

0 टिप्पणियां